
शाहपुरा। एक ओर जहां अंतिम यात्रा को सम्मान और श्रद्धा का प्रतीक माना जाता है, वहीं दूसरी ओर शाहपुरा क्षेत्र के देवन गांव से आई तस्वीरें व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े करती नजर आ रही हैं।

जानकारी के अनुसार देवन गांव में एक व्यक्ति के निधन के बाद जब अंतिम यात्रा निकाली गई, तो शोक में डूबे परिजनों और ग्रामीणों को कीचड़ से भरे रास्ते से गुजरना पड़ा। हालात ऐसे थे कि जहां आमतौर पर अंतिम यात्रा के मार्ग पर फूल बिछाए जाते हैं, वहां लोगों को कीचड़ और बदहाल सड़क का सामना करना पड़ा। यह दृश्य न केवल दुखद था, बल्कि क्षेत्र की मूलभूत सुविधाओं की स्थिति को भी उजागर करता है।
ग्रामीणों का कहना है कि इस मार्ग की हालत लंबे समय से खराब है, लेकिन संबंधित विभागों द्वारा अब तक कोई ठोस कदम नहीं उठाया गया। विशेष रूप से पीडब्ल्यूडी विभाग की कार्यशैली पर सवाल उठ रहे हैं, जो इस मार्ग को दुरुस्त करने में नाकाम रहा है।
इस घटना ने स्थानीय नागरिकों को आहत और आक्रोशित कर दिया है। लोगों का कहना है कि कम से कम ऐसी संवेदनशील परिस्थितियों में तो प्रशासन को सक्रिय होना चाहिए, ताकि अंतिम यात्रा जैसी गरिमामयी परंपरा में किसी को इस तरह की परेशानी का सामना न करना पड़े।
अब क्षेत्रवासी शाहपुरा नगरपरिषद से उम्मीद कर रहे हैं कि वह इस मामले को गंभीरता से लेते हुए जल्द से जल्द सड़क की मरम्मत करवाएगी और भविष्य में ऐसी स्थिति उत्पन्न न हो, इसके लिए ठोस कदम उठाएगी।




