कोटपूतली-बहरोड़ (राजेश कुमार हाडिया)। जिले के भाबरू क्षेत्र में पुलिस की कार्यप्रणाली पर सवाल खड़े करने वाला गंभीर मामला सामने आया है, जिसमें एक यू-ट्यूबर को साजिश के तहत फंसाकर उससे वसूली करने का आरोप लगा है। मामले में संलिप्तता पाए जाने पर थानाधिकारी (SHO) सहित चार पुलिसकर्मियों को निलंबित कर दिया गया है, जबकि पूरे प्रकरण की जांच अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक को सौंपी गई है।

प्राप्त जानकारी के अनुसार गंगापुर सिटी निवासी अमन बैंसला, जो जयपुर में म्यूजिक कंपनी संचालित करते हैं और सोशल मीडिया पर सक्रिय यू-ट्यूबर हैं, को उनके परिचित पीलवी निवासी पवन छबड़ी ने मिलने के बहाने कोटपूतली बुलाया। 23 मार्च को अमन अपने मित्र दयाराम के साथ वहां पहुंचे।

बताया जा रहा है कि मुलाकात के दौरान पवन ने किसी काम का बहाना बनाकर अमन की कार ले ली। बाद में तीनों जयपुर लौट रहे थे, तभी भाबरू पुलिया के पास एक होटल पर पुलिस की गाड़ी पहुंची। पुलिसकर्मियों ने अचानक तलाशी लेते हुए कार की डिग्गी में नकली पिस्तौल मिलने का दावा किया और तीनों को हिरासत में ले लिया।
आरोप है कि पुलिसकर्मियों ने आर्म्स एक्ट में फंसाने की धमकी देकर 5 लाख रुपये की मांग की। बाद में समझौते के तहत 1 लाख रुपये लेकर देर रात उन्हें छोड़ दिया गया।
घटना के बाद पीड़ित को अपने मित्र पवन पर शक हुआ। जांच के दौरान पवन द्वारा मोबाइल से डेटा डिलीट करने की बात सामने आई, जिससे संदेह और गहरा गया। अगले दिन पीड़ित ने पुलिस अधीक्षक कोटपूतली-बहरोड़ को शिकायत दी और कुछ वीडियो सबूत भी प्रस्तुत किए।
मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस अधीक्षक सतवीर सिंह ने एएसआई रामरतन, कांस्टेबल सुभाष व लक्ष्मण को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया। वहीं थानाधिकारी की भूमिका संदिग्ध पाए जाने पर रिपोर्ट उच्च अधिकारियों को भेजी गई, जिसके बाद जयपुर रेंज के आईजी राहुल प्रकाश ने SHO रामकिशोर को भी सस्पेंड कर दिया।
आईजी राहुल प्रकाश ने कहा कि इस प्रकार लोगों को फंसाकर ब्लैकमेल करना अत्यंत गंभीर मामला है। पूरे प्रकरण की उच्च स्तरीय जांच की जा रही है और जांच रिपोर्ट के आधार पर आगे सख्त कार्रवाई की जाएगी।



