पुलिस शहीद दिवस के अवसर पर जिला पुलिस की ओर से विभिन्न विद्यालयों में साइबर सुरक्षा जागरूकता अभियान चलाया गया। अभियान के तहत पुलिस अधिकारियों ने छात्र-छात्राओं को डिजिटल दुनिया में सुरक्षित रहने, ऑनलाइन धोखाधड़ी से बचने और साइबर अपराध होने पर त्वरित कार्रवाई करने के तरीकों की जानकारी दी। इसका उद्देश्य युवा पीढ़ी को साइबर खतरों के प्रति सजग बनाना और सुरक्षित इंटरनेट उपयोग के लिए प्रेरित करना रहा।

पुलिस टीम ने विद्यार्थियों को बताया कि वर्तमान समय में साइबर अपराधी अलग-अलग तरीकों से लोगों को अपने जाल में फंसाते हैं। लॉटरी या इनाम जीतने का लालच देने, बैंक अधिकारी बनकर फोन करने और संदिग्ध लिंक भेजने जैसी गतिविधियों से सतर्क रहने की जरूरत है। विद्यार्थियों को समझाया गया कि इंटरनेट का उपयोग करते समय अपनी निजी जानकारी, पासवर्ड और तस्वीरों की सुरक्षा का विशेष ध्यान रखें। किसी भी अनजान व्यक्ति के साथ ओटीपी या पिन साझा नहीं करें तथा संदिग्ध लिंक पर क्लिक करने से बचें।

पुलिस अधिकारियों ने बताया कि यदि कोई व्यक्ति साइबर धोखाधड़ी का शिकार हो जाता है तो उसे बिना देरी किए साइबर अपराध हेल्पलाइन नंबर 1930 पर शिकायत दर्ज करानी चाहिए। समय पर सूचना देने से संबंधित कार्रवाई में मदद मिल सकती है।

अभियान के दौरान छात्राओं को महिला सुरक्षा से संबंधित कानूनों और हेल्पलाइन नंबरों की जानकारी भी दी गई। पुलिस टीम ने आपातकालीन स्थिति में सहायता प्राप्त करने की प्रक्रिया सरल शब्दों में समझाई और छात्राओं को जागरूक रहने के साथ किसी भी परेशानी की स्थिति में मदद लेने के लिए प्रोत्साहित किया।

जिला पुलिस ने आमजन और विद्यार्थियों से अपील की कि डिजिटल लेन-देन और इंटरनेट का इस्तेमाल सावधानी से करें। किसी अनजान लिंक पर क्लिक करने से पहले उसकी सत्यता जांचें तथा ओटीपी और पिन किसी के साथ साझा न करें। पुलिस प्रशासन ने कहा कि साइबर अपराधों की रोकथाम और आमजन की सुरक्षा के लिए जागरूकता अभियान लगातार चलाए जा रहे हैं।